कमरे के पुराने शीशे के सामने खड़े नील का जिस्म आग की भट्टी की तरह दहक रहा था। खिड़की ...
होटल 'द इंपीरियल पैलेस' का भव्य संगमरमरी पोर्च रात की दुधिया रोशनी में नहाया हुआ था। शहर की नामी ...
उस रात जंगल ज़रूरत से ज्यादा खामोश था। इतना खामोश कि नील को सूखी पत्तियों पर पड़ते अपने ही ...
गाड़ी की पिछली सीट पर बैठे आकाश की आँखों में बदले की आग साफ जल रही थी। उसने होटल ...
आकाश के हाथ बुरी तरह कांप रहे थे। बारिश की ठंडी बूंदें स्क्रीन पर गिर रही थीं और वाइब्रेशन ...
मुंबई की बारिश और शाम की लोकल ट्रेन—दोनों का मिज़ाज एक जैसा था, कभी भी किसी की ज़िंदगी की ...
रामगढ़ गांव के लोग सूरज ढलते ही अपने घरों की सिटकनियां चढ़ा लेते थे। मवेशी बाड़े में बांध दिए ...
आधी रात कौ फोनरात के पूरे दो बज रहे हते।बाहर झमाझम पानी बरस रओ हतो और सनसनाती रात में ...
दिल्ली की तेज, बर्फीली बारिश किसी को भी भिगो सकती थी, लेकिन आकाश के लिए यह सिर्फ पानी नहीं, ...